बंदूक या हड़ताल नहीं,सबसे बड़ा हथियार मतदान है- मलिक

बंदूक या हड़ताल नहीं,सबसे बड़ा हथियार मतदान है- मलिक

बंदूक या हड़ताल नहीं,सबसे बड़ा हथियार मतदान है- मलिक

 à¤¶à¥à¤°à¥€à¤¨à¤—र | जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने लोगों से बड़ी संख्या में मतदान करने की अपील करते हुए सोमवार को कहा कि आवश्यक बदलाव के लिए बंदूक अथवा हड़ताल नहीं, वोट सर्वाधिक कारगर हथियार है।

श्री मलिक ने पत्रकारों से कहा,“मैं सभी राजनीतिक दलों से अपील करता हूं वे हमारे साथ आयें ताकि हम लोगों को यह संदेश दे सकें कि बंदूक अथवा हड़ताल नहीं , मतदान उनका सर्वाधिक कारगर हथियार है। हमें लोगों को बताना होगा कि उन्हें राज्य में बदलाव के लिए मतदान प्रक्रिया में शामिल होने की आदत बनानी होगी।” 

जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनावों को नवंबर तक टालने के आग्रह के कारणों के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को रिपोर्ट भेजी गयी है, इसके बारे में वह खुलासा नहीं कर सकते।

उन्होंने कहा,“ यह चुनाव आयोग के ऊपर है। वह जम्मू-कश्मीर में अगर चुनाव करना चाहता है तो करवा सकता है। हमें पहले लोकसभा चुनाव पर पूरा ध्यान देना चाहिए और इसके बाद ही विधानसभा चुनाव के बारे में सोचना चाहिए। चुनाव की तारीख भी चुनाव आयोग को ही तय करनी है।” 

एक प्रश्न के उत्तर में श्री मलिक ने कहा कि हिंसा की छिटपुट घटनाओं के बावजूद लोग मतदान के लिए आ रहे हैं। 

add image

Recent Comments

  • Blog single photo

    12-Jun-2019 at 11:48:23pm

    0     0

Leave a comment

Top